प्रशासन ने मांगों पर सहमति जताई, कमेटी के नाम भूमि दर्ज करने का आश्वासन; अभिषेक वैष्णव और सुरेश जाट ने कहा—फैसले से क्षेत्रवासी संतुष्ट
भीलवाड़ा (मनोज शर्मा) जिले के नंगाजी खेड़ा क्षेत्र से शिव प्रतिमा चोरी होने के मामले में कार्रवाई की मांग को लेकर टावर पर चढ़े अमरपुरा निवासी दो भाइयों ने प्रशासन की ओर से मांगें स्वीकार किए जाने के बाद अपना विरोध समाप्त कर दिया और टावर से नीचे उतर आए।
टावर से नीचे उतरने के बाद अभिषेक वैष्णव निवासी अमरपुरा ने बताया कि शिव प्रतिमा चोरी होने के मामले में अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से नाराज होकर वे और उनके साथी भाई सुरेश जाट टावर पर चढ़े थे। उनका कहना था कि वे अपनी मांगों को लेकर टावर पर चढ़े थे, ताकि प्रशासन का ध्यान इस मामले की ओर आकर्षित हो और शिव प्रतिमा प्रकरण में उचित कार्रवाई हो सके। अभिषेक वैष्णव ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारियों ने उनकी मांगों पर सहमति जताते हुए संबंधित मामले में कार्रवाई की। उन्होंने कहा कि जिन लोगों की गलती सामने आई, उनके विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई के रूप में 26 लाख जुर्माना लगाया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि जहां शिव प्रतिमा स्थापित थी, उस स्थान को कमेटी के नाम पर दर्ज किए जाने की प्रक्रिया पर प्रशासन की ओर से सहमति दी गई है। प्रशासन के इस निर्णय के बाद वे दोनों भाई टावर से नीचे उतरे।
हिंदू आस्था का सम्मान रखने पर जताया संतोष
अभिषेक वैष्णव ने कहा कि शिव प्रतिमा प्रकरण से लोगों की धार्मिक भावनाएं और हिंदू आस्था जुड़ी हुई थी। प्रशासन द्वारा इन भावनाओं का सम्मान करते हुए मांगों पर सकारात्मक निर्णय लिया गया, जिससे वे संतुष्ट हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों को भी प्रशासन के फैसले से संतोष है।
बोले—प्रशासन ने दिया पूरा सहयोग
दोनों भाइयों ने कहा कि प्रशासन की ओर से उन्हें पूरा सहयोग मिला है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके खिलाफ इस मामले को लेकर किसी प्रकार का केस दर्ज नहीं किया गया है। मांगों पर सहमति बनने और मामले में कार्रवाई होने के बाद उन्होंने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया। अभिषेक वैष्णव और सुरेश जाट ने प्रशासन द्वारा लिए गए निर्णयों पर संतोष जताते हुए कहा कि अब शिव प्रतिमा प्रकरण को लेकर उनकी प्रमुख मांगों पर समाधान हो गया है।

